हरिद्वार। भगवानपुर क्षेत्र में हुई युवक कलीम की निर्मम हत्या का पुलिस ने महज 48 घंटे के भीतर सनसनीखेज खुलासा कर दिया। आधुनिक तकनीक, तेज सर्विलांस और सटीक पुलिसिंग के दम पर भगवानपुर पुलिस ने न सिर्फ अज्ञात शव की पहचान की, बल्कि हत्या में शामिल पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर पूरे घटनाक्रम का पर्दाफाश भी कर दिया। इस खुलासे के बाद एसएसपी नवनीत सिंह की कार्यशैली और भगवानपुर पुलिस की सक्रियता की जमकर सराहना हो रही है।

NETGRID तकनीक बनी हत्या के खुलासे की सबसे बड़ी कड़ी
17 मई को भगवानपुर क्षेत्र के बहबलपुर-लव्वा मार्ग स्थित नदी किनारे एक अज्ञात युवक का शव बरामद हुआ था। शव पर गंभीर चोटों के निशान मिलने के बाद मामला हत्या का माना गया। एसएसपी नवनीत सिंह के निर्देश पर पुलिस ने गृह मंत्रालय द्वारा संचालित आधुनिक NETGRID पोर्टल का सहारा लिया। मृतक की फोटो पोर्टल पर अपलोड की गई, जिसके बाद उत्तर प्रदेश के कई जिलों से मिलते-जुलते चेहरों का डाटा सामने आया। पुलिस टीमों को सहारनपुर, देवबंद, बिजनौर, मुरादाबाद और हिमाचल तक रवाना किया गया। आखिरकार मृतक की पहचान देवबंद निवासी 23 वर्षीय कलीम के रूप में हुई।

120 सीसीटीवी कैमरे खंगालकर पहुंची हत्यारों तक पुलिस
हत्या की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी नवनीत सिंह के आदेश पर प्रभारी निरीक्षक रितेश शाह के नेतृत्व में छह टीमें गठित की गईं। पुलिस ने घटनास्थल और आसपास के करीब 120 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। जांच में एक संदिग्ध काली क्रेटा कार सामने आई, जिसके आधार पर पुलिस हत्यारों तक पहुंच गई। सर्विलांस, मुखबिर तंत्र और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से पुलिस को पता चला कि मृतक कलीम और उसका भाई कामिल खाना खाने के लिए भगवानपुर स्थित धरोहर होटल पहुंचे थे। वहीं मामूली विवाद ने खूनी रूप ले लिया। आरोप है कि होटल संचालकों और उनके साथियों ने दोनों भाइयों को बंधक बनाकर बेरहमी से पीटा। कामिल किसी तरह जान बचाकर भाग निकला, जबकि कलीम को आरोपियों ने पीट-पीटकर मौत के घाट उतार दिया।
हत्या के बाद शव कार की डिग्गी में रखकर नदी किनारे फेंका

पूछताछ में आरोपी हर्ष चौहान ने पुलिस को बताया कि हत्या के बाद आरोपियों ने कलीम के शव को क्रेटा कार की डिग्गी में रखा और लव्वा गांव के पास नदी किनारे फेंक दिया। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त डंडे, मृतक का मोबाइल फोन और शव ले जाने में इस्तेमाल की गई क्रेटा कार बरामद कर ली है।
पढ़े-लिखे निकले आरोपी, पुलिस भी रह गई हैरान
पुलिस जांच में सामने आया कि गिरफ्तार अधिकांश आरोपी शिक्षित हैं। कोई बीटेक, कोई बीफार्मा तो कोई ग्रेजुएट है। इसके बावजूद मामूली विवाद में जिस बेरहमी से युवक की हत्या की गई, उसने हर किसी को झकझोर दिया है।
एसएसपी नवनीत सिंह की रणनीति और भगवानपुर पुलिस की मेहनत की चर्चा
पूरे मामले में हरिद्वार पुलिस की तेज कार्रवाई चर्चा का विषय बनी हुई है। अज्ञात शव से शुरू हुई जांच को तकनीक, सर्विलांस और मजबूत टीमवर्क के जरिए हत्या के खुलासे तक पहुंचाना पुलिस की बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। एसएसपी नवनीत सिंह की मॉनिटरिंग और भगवानपुर पुलिस की लगातार मेहनत के चलते 48 घंटे के भीतर पूरे हत्याकांड का खुलासा हो गया। पुलिस ने गिरफ्तार पांचों आरोपियों को जेल भेज दिया है। दो फरार आरोपियों की तलाश में दबिश जारी है।

गिरफ्तार आरोपी:-
1.सौरभ चौहान पुत्र संजय कुमार नि0 खुब्बनपुर थाना भगावनपुर हरिद्वार ( पढाई- बीटेक)
2. अंकित कुमार पुत्र संतोष कुमार नि0 खुब्बनपुर, थाना भगावनपुर हरिद्वार( पढाई -ग्रेजुएट)
3.हर्ष पुत्र प्रवीण चौहान नि0 खुब्बनपुर, थाना भगावनपुर हरिद्वार ( पढाई- पोलीटेक्निक )
4.अनमोल सैनी पुत्र भीशम सैनी नि0 सलेमपुर राजपुताना थाना गंगनहर हरिद्वार (पढाई –बीए)
5.विशाल सैनी पुत्र राजेश सैनी नि0 सोना सईद माजरा थाना गागलहेडी जनपद सहारनपुर ( पढाई – बी0 फार्मा)
फरार आरोपी:-
1-अर्पित पुत्र प्रवीण चौहान नि0 खुब्बनपुर, थाना भगावनपुर हरिद्वार
2- ऋषिकेश सिंह पुत्र रमेश सिंह नि0 ग्राम मानपुर पो0 कझाई मानपुर ,थाना बिक्रम गंज जिला रोहताश बिहार हाल नि0 खुब्बनपुर, थाना भगावनपुर हरिद्वार
पुलिस टीम:-
1. रितेश शाह प्र0नि0 कोत0 भगवानपुर जनपद हरिद्वार
2.व0उ0नि0 रमेश कुमार सैनी कोत0 भगवानपुर
3.उ0नि0 सुनील पन्त कोत0 भगवानपुर
4.उ0नि0 पुनीत दनोषी कोत0 भगवानपुर
5.उ0नि0 आषीष नेगी कोत0भगवानपुर
6.उ0नि0 नीरज रावत कोत0भगवानपुर
7.अ0उ0नि प्रदीप चौहान कोत0 भगवानपुर
8.है0का0 35 गीतम कोत0 भगवानपुर
9.का0 354 उबैद उल्ला कोत0 भगवानपुर
10.का0 1291 संजय कुमार कोत0 भगवानपुर
11.का0 956 संजय नेगी कोत0 भगवानपुर
12.का0 24 रविन्द्र राणा कोत0 भगवानपुर
13.का0 1588 राहुल कुमार कोत0 भगवानपुर
14 का0 विनय थपलियाल कोत0भगवानपुर
15.का0 वसीम सीआईयू हरिद्वार
16. का0 महिपाल सीआआईयू रूडकी
17.रविन्द्र खत्री –सीआईयू रूडकी
