देहरादून। जनपद में लगातार बढ़ रही आपराधिक घटनाओं को लेकर विभिन्न संगठनों में भारी रोष व्याप्त है। बुधवार को लगभग 10:30 बजे तिब्बती बाजार में हुई सरेआम हत्या तथा एक दिन पूर्व डालनवाला स्थित दून इंटरनेशनल स्कूल में छात्रा के अपहरण के प्रयास की घटना के विरोध में एक संयुक्त प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी देहरादून को ज्ञापन सौंपा।
जिलाधिकारी की अनुपस्थिति में प्रतिनिधिमंडल ने उपजिलाधिकारी सदर हरगिरी को ज्ञापन सौंपते हुए जनपद में बिगड़ती कानून व्यवस्था पर गहरी चिंता व्यक्त की। ज्ञापन में ऋषिकेश, मच्छी बाजार और तिब्बती बाजार में हुई हत्याओं सहित महिलाओं के खिलाफ बढ़ती हिंसा की घटनाओं को गंभीर बताते हुए प्रशासन से तत्काल कठोर कदम उठाने की मांग की गई।
प्रतिनिधियों ने आरोप लगाया कि अपराधियों के हौसले बुलंद हैं और पुलिस प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं। ज्ञापन में मांग की गई कि अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए तथा लापरवाही बरतने वाले उच्च पदस्थ पुलिस अधिकारियों के विरुद्ध भी कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाए। प्रतिनिधिमंडल ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो जनआंदोलन तेज किया जाएगा। ज्ञापन सौंपने वालों में सीपीआईएम के सचिव अनन्त आकाश, उत्तराखंड आंदोलनकारी संयुक्त परिषद के संरक्षक नवनीत गुंसाई, प्रवक्ता चिंतन सकलानी, यूकेडी की वरिष्ठ नेत्री प्रमिला रावत, बीजीवीएस की स्वाति नेगी, नेताजी संघर्ष समिति के अध्यक्ष प्रभात डंडरियाल, जिलाध्यक्ष सुरेश कुमार, राजेश शर्मा सहित बड़ी संख्या में सामाजिक व राजनीतिक संगठनों के प्रतिनिधि शामिल रहे।
