हरिद्वार। श्यामपुर थाना क्षेत्र के कांगड़ी गांव में शुक्रवार को एक हादसा हो गया। बोरवेल के लिए खोदे जा रहे गहरे गड्ढे में मिट्टी धंसने से 55 वर्षीय व्यक्ति मलबे में दब गया। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही पुलिस, एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमें मौके पर पहुंचकर युद्धस्तर पर राहत एवं बचाव कार्य में जुट गईं। तीन घंटे से अधिक समय बीतने के बाद भी बुजुर्ग का अभी कुछ पता नहीं चल पाया है। जानकारी के अनुसार, कांगड़ी निवासी मनोहर पुत्र पूर्ण सिंह ठेकेदारी का काम करते थे। वह अपने घर के पास हैंडपंप के लिए गड्ढा खुदवा रहे थे। बजट की कमी के चलते मशीन की बजाय मैन्युअल तरीके से करीब 4×4 फीट का गड्ढा खोदा जा रहा था। बताया जा रहा है कि गड्ढा लगभग 20 से 27 फीट तक गहरा हो चुका था।
शुक्रवार दोपहर काम के दौरान मनोहर खुद गड्ढे के भीतर उतरकर पाइप सेट करने का प्रयास कर रहे थे। इसी दौरान अचानक ऊपर से भारी मात्रा में मिट्टी भरभराकर नीचे गिर गई और वह देखते ही देखते मलबे में दब गए। मौके पर मौजूद लोगों में चीख-पुकार मच गई।
घटना की सूचना मिलते ही श्यामपुर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और एसडीआरएफ व एनडीआरएफ टीम को बुलाया गया। बचाव टीमों ने तुरंत रेस्क्यू अभियान शुरू कर दिया। जेसीबी मशीनों और अन्य उपकरणों की मदद से मलबा हटाने का प्रयास किया जा रहा है।हादसे के बाद करीब तीन घंटे से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन अब तक मनोहर का कोई सुराग नहीं लग पाया है। गड्ढे में अत्यधिक मलबा भर जाने के कारण रेस्क्यू कार्य में काफी दिक्कतें आ रही हैं। रेस्क्यू टीम के अधिकारियों का कहना है कि पूरी सावधानी के साथ मलबा हटाया जा रहा है, जिससे अंदर फंसे व्यक्ति को किसी तरह का और नुकसान न पहुंचे। हालांकि लंबे समय तक मलबे में दबे रहने के कारण उसके जीवित मिलने की संभावना बेहद कम बताई जा रही है, फिर भी टीमें लगातार प्रयास में जुटी हैं। घटना के बाद पूरे गांव में चिंता और दहशत का माहौल है।
