रूड़की। कोतवाली भगवानपुर क्षेत्र के ग्राम बिनारसी में हुए बहुचर्चित डबल मर्डर और बवाल प्रकरण में पुलिस ने “ऑपरेशन प्रहार” के तहत कार्रवाई करते हुए फरार चल रहे चार अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने सभी आरोपियों को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया। वहीं, मामले में पुलिस पहले ही करीब एक दर्जन आरोपियों को जेल भेज चुकी है।

पुलिस के अनुसार, बीते 1 फरवरी को रविदास जयंती शोभायात्रा के शांतिपूर्ण समापन के बाद शाम करीब पांच बजे पुरानी रंजिश के चलते दो पक्षों में विवाद हो गया था। देखते ही देखते विवाद ने खूनी रूप ले लिया। एक पक्ष के विशाल नामक आरोपी ने अपने साथियों के साथ मिलकर गांव निवासी आनंद की गोली मारकर हत्या कर दी। घटना से आक्रोशित दूसरे पक्ष ने मांगेराम (55) की लाठी-डंडों से पीट-पीटकर हत्या कर दी। इसके बाद क्षेत्र में आगजनी, तोड़फोड़ और हिंसा की घटनाएं भी हुईं, जिससे कानून-व्यवस्था प्रभावित हो गई। मामले में उच्च अधिकारियों के निर्देश पर दोनों पक्षों की तहरीर के आधार पर कोतवाली भगवानपुर में गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज किए गए थे। पुलिस अब तक इस प्रकरण में दोनों पक्षों के करीब एक दर्जन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह के निर्देशन में प्रभारी निरीक्षक रितेश शाह के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम फरार आरोपियों की तलाश में लगातार अभियान चला रही है। इसी क्रम में बुधवार को मुखबिर की सूचना पर ग्राम बिनारसी में दबिश देकर चार वांछित आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार आरोपियों में अनुज सागर पुत्र चन्द्रपाल, विकास कुमार पुत्र लक्ष्मीचन्द्र, देशराज पुत्र अमर सिंह और अशोक कुमार पुत्र अतर सिंह शामिल हैं। प्रभारी निरीक्षक रितेश शाह ने बताया कि सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है।


